मुंबई / शौर्यपथ / महाराष्ट्र की उद्धव ठाकरे सरकार में एनसीपी कोटे से सामाजिक न्याय मंत्री धनंजय मुंडे पर एक महिला द्वारा लगाए गए दुष्कर्म के आरोपों में नया ट्विस्ट आ गया है. मुख्य विपक्षी बीजेपी के नेता कृष्णा हेगड़े ने मंत्री का परोक्ष तौर पर समर्थन किया है और आरोप लगाने वाली महिला पर आरोप लगाया है कि वह पहले उन्हें भी बदनाम करने की कोशिश कर चुकी है. मंत्री मुंडे ने भी महिला के आरोपों को खारिज करते हुए शिकायतकर्ता महिला पर ब्लैकमेल करने के आरोप लगाए थे.
इस बीच, आज धनंजय मुंडे के साथ NCP दफ़्तर में पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष जयंत पाटिल ने एक बैठक की. बैठक के बाद पाटिल ने बताया कि बातचीत में धनंजय ने इस्तीफे की पेशकश नही की है और ना ही इस्तीफे पर कोई चर्चा हुई है. एनसीपी प्रदेश अध्यक्ष ने कहा, "हम चाहते हैं कि धनंजय पर जो आरोप लगे हैं, उसकी जांच पुलिस करे क्योंकि आरोप गंभीर स्वरूप के हैं."
इधर, पाटिल ने कहा कि मंत्री धनंजय मुंडे ने कहा है कि महिला उन्हें ब्लैकमेल कर रही है, इसलिए इसकी जांच होनी चाहिए. उन्होंने कहा कि पुलिस की जांच पर हमारा कोई हस्तक्षेप नहीं होगा. पार्टी दफ्तर से बाहर निकले धनजंय मुंडे ने इस बारे में मीडिया से कोई बात नही की.
बता दें कि एक महिला ने धनंजय मुंडे पर बलात्कार का आरोप लगाया है, साथ ही उसने कहा कि मुंबई पुलिस ने उसकी शिकायत नजरअंदाज की. महिला (37) ने कहा कि उसने 10 जनवरी को मुंबई पुलिस आयुक्त को एक पत्र लिखकर बताया था कि मुंडे ने 2006 में कई बार उसके साथ बलात्कार किया था. इस पर NCP नेता मुंडे ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा था कि शिकायतकर्ता और उसकी बहन उन्हें ब्लैकमेल कर रही हैं. हालांकि, मुंडे ने माना कि शिकायतकर्ता की बहन के साथ उनका रिश्ता था और वह उसके दो बच्चों के पिता हैं.