Print this page

छात्रावासों में लापरवाही पर प्रशासन का बड़ा एक्शन: अधीक्षक निलंबित, जिम्मेदारों पर गिरी गाज

  • doing of business

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के सुशासन मॉडल के तहत सुकमा में औचक निरीक्षण, अव्यवस्थाओं पर तत्काल कार्रवाई; बच्चों की सुरक्षा और शिक्षा से समझौता नहीं

रायपुर/सुकमा। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की सुशासन, जवाबदेही और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की प्राथमिकता को धरातल पर उतारते हुए सुकमा जिला प्रशासन ने शासकीय छात्रावासों और आश्रमों में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों एवं कर्मचारियों पर सख्त कार्रवाई की है। शैक्षणिक सत्र 2026-27 शुरू होने से पहले कलेक्टर और सहायक आयुक्त द्वारा किए गए औचक निरीक्षण में गंभीर अनियमितताएं सामने आने पर कई अधीक्षकों और कर्मचारियों को तत्काल निलंबित कर दिया गया, जबकि कुछ को प्रभार से अलग कर दिया गया।

निरीक्षण के दौरान छात्रावासों में साफ-सफाई की बदहाल स्थिति, अधिकारियों-कर्मचारियों की अनुपस्थिति, रखरखाव में लापरवाही और पूर्व में दिए गए निर्देशों की अनदेखी जैसी गंभीर कमियां उजागर हुईं। जिला प्रशासन ने इसे विद्यार्थियों के हितों के साथ गंभीर लापरवाही मानते हुए बिना देर किए अनुशासनात्मक कार्रवाई की।

इन अधिकारियों पर हुई कार्रवाई

कार्रवाई के तहत कन्या आश्रम दुब्बाटोटा की अधीक्षिका सुशीला कवासी, प्री-मैट्रिक बालक छात्रावास दुब्बाटोटा के अधीक्षक पुनेम हिरमा, पोस्ट-मैट्रिक कन्या छात्रावास की अधीक्षिका सविता यादव तथा प्री-मैट्रिक बालक छात्रावास के भोजराज ठाकुर के विरुद्ध निलंबन एवं प्रभार से पृथक करने की कार्रवाई की गई। छात्रावासों का संचालन प्रभावित न हो, इसके लिए तत्काल वैकल्पिक अधिकारियों को जिम्मेदारी भी सौंप दी गई।

बच्चों की सुरक्षा और शिक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता

कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि छात्रावासों एवं आश्रमों में अध्ययनरत बच्चों की शिक्षा, सुरक्षा, स्वास्थ्य और सुविधाओं के साथ किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। शासन की मंशा के अनुरूप सभी संस्थानों में स्वच्छ, सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण वातावरण सुनिश्चित करना जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।

सुशासन की दिशा में सख्त संदेश

जिला प्रशासन की यह कार्रवाई केवल अनुशासनात्मक कदम नहीं, बल्कि पूरे तंत्र के लिए स्पष्ट संदेश है कि शासकीय संस्थानों में जवाबदेही तय होगी और बच्चों के भविष्य से जुड़ी व्यवस्थाओं में किसी भी स्तर की लापरवाही पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार शिक्षा व्यवस्था को अधिक पारदर्शी, उत्तरदायी और गुणवत्तापूर्ण बनाने की दिशा में लगातार प्रभावी कदम उठा रही है।

Rate this item
(0 votes)
शौर्यपथ

Latest from शौर्यपथ